भारत की माननीय राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु का 65वें एनडीसी पाठ्यक्रम के सदस्यों से मुलाकात के अवसर पर संबोधन

आज आप सब से मिलकर मुझे अत्यंत प्रसन्नता हो रही है। मुझे बताया गया है, और मैंने प्रतिभागियों से बात करके और उनके अनुभव से भी जाना है कि इस समूह में भारतीय थल सेना, नौसेना और वायु सेना के अधिकारी, सिविल सेवा के अधिकारी और मित्र देशों के अधिकारी भी शामिल हैं। मैं मित्र देशों के सभी अधिकारियों का हार्दिक स्वागत करती हूँ।
32 मित्र देशों के अधिकारियों सहित उच्च अधिकारियों का यह समूह आपसी और अंतरराष्ट्रीय सहयोग को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।
भारत की माननीय राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु का भारतीय सांख्यिकी सेवा, भारतीय कौशल विकास सेवा और केंद्रीय इंजीनियरिंग सेवा (सिविल, विद्युत एवं यांत्रिक) के परिवीक्षाधीन अधिकारियों द्वारा मुलाकात के अवसर पर संबोधन

भारतीय सांख्यिकी सेवा, भारतीय कौशल विकास सेवा और केंद्रीय इंजीनियरिंग सेवा के प्रिय परिवीक्षाधीन अधिकारियो,
मैं, आप सबको प्रतिष्ठित यूपीएससी परीक्षा में सफलता हासिल करने के लिए हार्दिक बधाई देती हूँ। आप सभी ने जन सेवा के माध्यम से सार्थक योगदान का मार्ग चुना है। आप सबको महत्वपूर्ण भूमिक निभानी है और अपने-अपने क्षेत्रों में सकारात्मक बदलाव लाने हैं।
भारत की माननीय राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु का तमिलनाडु केंद्रीय विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में संबोधन

मुझे आज तमिलनाडु केंद्रीय विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में आप सबके बीच उपस्थित होकर बहुत प्रसन्नता हो रही है। तमिलनाडु अपनी प्राचीन सभ्यता के लिए पूरे विश्व में प्रसिद्ध है। तिरुवरुर को समृद्ध सांस्कृतिक विरासत के लिए भी जाना जाता है।
भारत की माननीय राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु का 2024 बैच के भारतीय विदेश सेवा के प्रशिक्षु अधिकारियों से मुलाकात के अवसर पर संबोधन
प्रिय प्रशिक्षु अधिकारियो,
राष्ट्रपति भवन में आप सबका हार्दिक स्वागत है! मैं आप सभी को भारतीय विदेश सेवा में चयनित होने पर बधाई देती हूँ। विदेश में अपने देश का प्रतिनिधित्व करना सबके लिए बड़े सौभाग्य की बात होती है।
मुझे यह जानकर प्रसन्नता हुई कि इस युवा भारतीय राजनयिकों के समूह में भारत के विविध क्षेत्रों का प्रतिनिधित्व है और इस समूह में विदेश सेवा में बढ़ता लैंगिक संतुलन दिख रहा है। यह सेवा क्षेत्र और देश के लिए एक शुभ संकेत है।
भारत की राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु का 79वें स्वतन्त्रता दिवस की पूर्व संध्या पर राष्ट्र के नाम संदेश
मेरे प्यारे देशवासियो,
नमस्कार!
स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर आप सभी को मैं हार्दिक बधाई देती हूं। हम सभी के लिए यह गर्व की बात है कि स्वाधीनता दिवस और गणतंत्र दिवस, सभी भारतीय उत्साह और उमंग के साथ मनाते हैं। ये दिवस हमें भारतीय होने के गौरव का विशेष स्मरण कराते हैं।
भारत की माननीय राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु का भारतीय रक्षा संपदा सेवा, सैन्य अभियंता सेवा और केंद्रीय जल अभियांत्रिकी सेवा के परिवीक्षाधीन अधिकारियों के साथ मुलाकात के अवसर पर संबोधन
मैं आप सभी को इस प्रतिष्ठित सेवा में चयन के लिए बधाई देती हूँ। आप सब ने दृढ़ संकल्प और कड़ी मेहनत से यह उपलब्धि हासिल की है। लेकिन इसके साथ अपार ज़िम्मेदारियां भी जुड़ी हैं। आपको अपने कार्य में राष्ट्र-प्रथम की भावना को साथ लेकर चलना है। आपके द्वारा किए जाने वाले कार्यों से राष्ट्र के विकास और नागरिकों के जीवन स्तर पर प्रभाव पड़ेगा।
भारतीय रक्षा संपदा सेवा के प्रिय अधिकारियो,
भारत की राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु का स्वच्छ सर्वेक्षण 2024 पुरस्कार समारोह में संबोधन

मैं आज पुरस्कार प्राप्त करने वाले सभी विजेताओं को हार्दिक बधाई देती हूं। आप सबने स्वच्छता के राष्ट्रीय महायज्ञ में अपना योगदान दिया है। आप सबकी मैं विशेष प्रशंसा भी करती हूं।
भारत की राष्ट्रपति, श्रीमती द्रौपदी मुर्मु का अंतर्राष्ट्रीय एमएसएमई दिवस पर सम्बोधन

सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम देश की अर्थव्यवस्था के एक मजबूत स्तम्भ हैं। इनकी सफलता के उत्सव के इस कार्यक्रम में आकर मुझे हार्दिक प्रसन्नता हो रही है। मैं यहां उपस्थित और देशभर में फैले MSMEs से जुड़े सभी लोगों को अंतर्राष्ट्रीय MSME दिवस की हार्दिक बधाई देती हूं। इस समारोह को आयोजित करने और MSMEs को सहायता और प्रोत्साहन देने के लिए मैं सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्री, श्री जीतन र
भारत की माननीय राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु का भारतीय लागत लेखाकार संस्थान के राष्ट्रीय छात्र दीक्षांत समारोह में संबोधन

आज भारतीय लागत लेखाकार संस्थान के राष्ट्रीय छात्र दीक्षांत समारोह के अवसर पर आपके बीच उपस्थित होकर मुझे प्रसन्नता हो रही है। मैं सबसे पहले सभी उत्तीर्ण प्रोफेशनल्स को बधाई देती हूँ, तथा उनके भविष्य की सफलता के लिए शुभकामनाएँ देती हूँ।
देवियो और सज्जनो,

