भारत की राष्ट्रपति, श्रीमती द्रौपदी मुर्मु का स्वर्गीय श्री एन.टी. रामा राव पर स्मारक सिक्का जारी करने के अवसर पर सम्बोधन
स्वर्गीय श्री नन्दमूरि तारक रामा राव जी को लोग स्नेह और सम्मान के साथ NTR के नाम से याद करते हैं। उनकी जन्म शताब्दी के उपलक्ष में आयोजित इस कार्यक्रम में उनकी स्मृति को मैं नमन करती हूं।
भारत की राष्ट्रपति, श्रीमती द्रौपदी मुर्मु का गोवा विधान सभा में अभिभाषण
आज मुझे लोकतन्त्र के इस मंदिर में आप सभी गणमान्य सदस्यों के बीच उपस्थित होकर बहुत प्रसन्नता हो रही है। आप सभी को इस महत्वपूर्ण संस्था का सदस्य होने की हार्दिक बधाई। आप उस जनता के प्रतिनिधि हैं जो भिन्न- भिन्न धर्म, आस्था और पंथ को मानते हुए भी एक गोवा और एक भारत में विश्वास रखते हैं।
भारत की राष्ट्रपति, श्रीमती द्रौपदी मुर्मु का गोवा विश्वविद्यालय के 34वें दीक्षांत समारोह में सम्बोधन
गोवा विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में आज आप सब के बीच उपस्थित होकर मुझे बहुत खुशी हो रही है। युवा पीढ़ी के बीच आकर मुझे सदैव प्रसन्नता होती है।
भारत की माननीय राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु का केंद्रीय जल अभियांत्रिकी सेवा के अधिकारियों द्वारा मुलाकात के अवसर पर संबोधन।
सबसे पहले, मैं आप सब को इस प्रतिष्ठित सेवा में चयनित होने पर बधाई देती हूं। इस सेवा में आपको जल संसाधन के महत्वपूर्ण क्षेत्र में देश की सेवा करने का अवसर मिलेगा। आप ऐसे समय में सेवा में शामिल हुए हैं जब भारत अमृत काल में प्रवेश कर चुका है। इसी समय भारत G20 की अध्यक्षता भी कर रहा है और दुनिया नेतृत्व के लिए भारत की ओर देख रही है।
भारत की राष्ट्रपति, श्रीमती द्रौपदी मुर्मु का गोवा सरकार द्वारा आयोजित नागरिक अभिनंदन समारोह में सम्बोधन
मैं बहुत प्रसन्न हूं क्योंकि राष्ट्रपति का पदभार ग्रहण करने के बाद, गोवा आकर यहां के भाई-बहनों से मिलने की मेरी इच्छा आज पूरी हो रही है। मैं गोवा के 15 लाख निवासियों को हार्दिक शुभकामनाएं देती हूं। जिस उत्साह और प्रेम के साथ आप सबने मेरा स्वागत किया है उसके लिए मैं हृदय से धन्यवाद व्यक्त करती हूं।
भारत की राष्ट्रपति, श्रीमती द्रौपदी मुर्मु का नागरिक अभिनंदन समारोह के अवसर पर सम्बोधन
आदि-शक्ति मां कामाख्या के आशीर्वाद से सम्पन्न इस पावन भूमि को मैं प्रणाम करती हूं।
भारत माता के परमवीर पुत्र, महानायक लासित बड़फुकन की इस वीर-स्थली को मैं नमन करती हूं।
आज असम के आप सब भाई-बहनों-युवाओं ने अद्भुत उत्साह और स्नेह से परिपूर्ण स्वागत करके मेरे हृदय को छू लिया है। आप सब के असाधारण स्नेह की याद मेरे मन-मस्तिष्क में सदा अंकित रहेगी।ऐसे अनुपम स्वागत के लिए मैं आप सबको हार्दिक धन्यवाद देती हूं।
भारत की राष्ट्रपति, श्रीमती द्रौपदी मुर्मु का राजस्थान विधान सभा में सम्बोधन
माण, सम्माण और बलिदान सू रंगी राजस्थान की धोरा री धरती रा निवासियां न घणी शुभकामनाएं।
भारत की राष्ट्रपति, श्रीमती द्रौपदी मुर्मु का AWWA द्वारा आयोजित ‘अस्मिता’ कार्यक्रम में सम्बोधन
सबसे पहले मैं सभी देशवासियों की ओर से समस्त ‘वीर नारी’ बहनों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करती हूं। मुझे यह जानकर संतोष हुआ है कि वीर-नारी बहनों के कल्याण के लिए ‘आह्वान’ नामक योजना चलाई जा रही है। इसके लिए मैं ‘आवा’ की विशेष सराहना करती हूं।
भारत की माननीय राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु का विंध्यगिरि के जलावतरण समारोह में संबोधन
मैं, विंध्यगिरी के जलावतरण के अवसर पर यहां आकर बहुत प्रसन्न हूं। यह आयोजन भारत की सामुद्रिक क्षमताओं के संवर्धन की दिशा में बढ़ाया गया एक कदम है। विंध्यगिरि स्वदेशी जलयान निर्माण के माध्यम से आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य को प्राप्त करने की दिशा में भी बढ़ाया गया एक कदम है।