वियतनाम समाजवादी गणराज्य के राष्ट्रपति महामहिम श्री तो लाम के सम्मान में आयोजित भोज में भारत की राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु का अभिभाषण(HINDI)

राष्ट्रपति भवन : 06.05.2026

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आज राष्ट्रपति भवन में आपका और आपके प्रतिनिधिमंडल का स्वागत करते हुए मुझे अत्यंत प्रसन्नता हो रही है। वियतनाम के राष्ट्रपति के रूप में आपके निर्वाचन पर, मैं आपको हार्दिक बधाई भी देती हूं।

महामहिम राष्ट्रपति जी, आपकी यह यात्रा हमारी साझेदारी के एक नए अध्याय का आरंभ करती है, जो न केवल इसकी सुदृढ़ता को दर्शाती है, बल्कि हमारी partnership के विस्तृत होते दायरे और महत्वाकांक्षा को भी प्रतिबिंबित करती है।

देवियो और सज्जनो,

इस वर्ष हमारे ‘Comprehensive Strategic Partnership’ के 10 वर्ष पूरे हुए हैं। पिछले दशक में हमारे द्विपक्षीय संबंधों में उल्लेखनीय प्रगति हुई है। रक्षा और सुरक्षा हमारे संबंधों के प्रमुख स्तंभ बने हुए हैं। द्विपक्षीय व्यापार और निवेश निरंतर बढ़ रहे हैं। Science and Technology, विशेषकर emerging sectors में, हमारे सहयोग का एक महत्वपूर्ण आयाम बनकर उभरे हैं। सांस्कृतिक, शैक्षिक और people-to-people संबंध भी मजबूत हुए हैं। बहुपक्षीय मंचों पर हमारी सहभागिता भी निरंतर विस्तृत हो रही है।

भारत की ‘Act East’ नीति और ‘Indo-Pacific Vision’ में वियतनाम का विशेष स्थान है। Global South की आवाज को सशक्त बनाने के हमारे प्रयासों में हम वियतनाम को एक महत्वपूर्ण partner मानते हैं। हमारी साझेदारी न केवल हमारे दोनों देशों की प्रगति में योगदान देती है, बल्कि क्षेत्रीय शांति और समृद्धि को भी सुदृढ़ करती है।

इसलिए, यह स्वाभाविक है कि हमारे दोनों देशों ने आज “Joint Statement on Enhanced Comprehensive Strategic Partnership” के माध्यम से द्विपक्षीय सहयोग को आगे बढ़ाने का निर्णय लिया है। मुझे प्रसन्नता है कि इस यात्रा के दौरान हमने कई महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल की हैं, जो हमारे संबंधों को नई ऊंचाइयों तक ले जाएंगी और हमारे भविष्य के सहयोग को दिशा प्रदान करेंगी। हमारी दीर्घकालिक साझेदारी, आज की वैश्विक अनिश्चितताओं के बीच स्थिरता का उदाहरण बननी चाहिए।

देवियो और सज्जनो,

हमारे दोनों देश अपने लोगों की आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए विकास के पथ पर अग्रसर हैं। हमारा लक्ष्य 2047 तक “विकसित भारत” बनना है। वहीं, वियतनाम ने हाल के दशकों में उल्लेखनीय प्रगति की है, जिसकी हम सराहना करते हैं। महामहिम, आपके नेतृत्व में, आपका देश और भी अधिक प्रगति के लिए “Vision 2045” का अनुसरण कर रहा है। इस यात्रा में भारत एक विश्वसनीय partner के रूप में सदैव आपके साथ खड़ा है। मुझे विश्वास है कि हमारा द्विपक्षीय सहयोग, हमारे दोनों देशों के राष्ट्रीय विकास को भी गति प्रदान करेगा।

देवियो और सज्जनो,

भारत और वियतनाम के बीच सभ्यतागत और सांस्कृतिक संबंधों का एक समृद्ध इतिहास रहा है। विचारों, व्यापार और आध्यात्मिक आदान-प्रदान की सदियों पुरानी परंपरा ने हमारे संबंधों को मजबूत आधार प्रदान किया है। हमारे देशवासियों में एक-दूसरे की संस्कृति, कला और खान-पान के प्रति रुचि है। मुझे आशा है कि वियतनाम से आए हमारे मित्र, आज राष्ट्रपति भवन में भारत की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत की एक सुंदर झलक देख सकेंगे।

आगामी वर्षों में, भारत वियतनाम के साथ अपने व्यापक सहयोग को आगे बढ़ाने के लिए उत्सुक है। मुझे पूर्ण विश्वास है कि आपके मार्गदर्शन और नेतृत्व के साथ, हमारी मित्रता निरंतर सुदृढ़ होती रहेगी।

इन्हीं शब्दों के साथ, महामहिम, देवियो और सज्जनो, आइए हम सब मिलकर:

- वियतनाम के महामहिम राष्ट्रपति जी के अच्छे स्वास्थ्य और कल्याण,

- वियतनाम के लोगों की निरंतर प्रगति और समृद्धि, तथा

- भारत और वियतनाम के बीच मित्रता को हमेशा बनाए रखने के लिए, अपनी शुभकामनाएं व्यक्त करें।

धन्यवाद।

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