राष्ट्रपति भवन में ‘पर्पल फेस्ट’ का आयोजन
हम वर्ष 2047 तक ‘विकसित भारत’ के सामूहिक लक्ष्य के साथ आगे बढ़ रहे हैं। इस यात्रा में हमारे दिव्यांगजन भी बराबर के भागीदार हैं: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु
राष्ट्रपति भवन : 13.03.2026
राष्ट्रपति भवन में, आज 13 मार्च, 2026 को दिव्यांगजनों की प्रतिभा, उपलब्धियों और आकांक्षाओं का उत्सव मनाने के लिए ‘पर्पल फेस्ट’ का आयोजन किया गया। पूरे दिन चले इस उत्सव में 8,000 से अधिक दिव्यांगजनों ने अमृत उद्यान का भ्रमण किया। अमृत उद्यान में आज का दिन विशेष रूप से दिव्यांगजनों के लिए निर्धारित था। उन्होंने दिव्यांगजनों के लिए कार्य करने वाले विभिन्न संगठनों द्वारा लगाए गए स्टॉलों पर अनेक मनोरंजक खेलों और ज्ञानार्जन गतिविधियों में भी भाग लिया।
शाम को, भारत की राष्ट्रपति, श्रीमती द्रौपदी मुर्मु उत्सव में शामिल हुईं और राष्ट्रपति भवन के खुले रंगमंच में दिव्यांगजनों द्वारा प्रस्तुत किए गए सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आनंद लिया।
इस अवसर पर बोलते हुए राष्ट्रपति ने कहा कि कोई भी देश या समाज सिर्फ इस बात से नहीं जाना जाता कि वह विशेषाधिकार प्राप्त वर्गों के लिए कितना कर पाया है, बल्कि इस बात से जाना जाता है कि वह उपेक्षित वर्गों के प्रति कितना संवेदनशील है। अगर हम भारतीय इतिहास को देखें तो हम पाएंगे कि संवेदनशीलता, समावेशिता और सद्भाव में विश्वास हमारी संस्कृति और सभ्यता के मानक रहे हैं। भारत का संविधान हमें आदर्श सामाजिक मानक प्रदान करता है। हमारे संविधान की उद्देशिका सामाजिक न्याय, समता और व्यक्ति की गरिमा के आदर्श स्थापित करती है। राज्य के नीति- निदेशक तत्व दिव्यांगजनों के लिए शिक्षा, कार्य और सार्वजनिक सहायता पाने का अधिकार प्रदान करते हैं।
राष्ट्रपति ने कहा कि समावेशी समाज के निर्माण के लिए दिव्यांगजनों का सशक्तीकरण महत्वपूर्ण है। लेकिन यह केवल सरकार के प्रयासों से संभव नहीं है। इसमें समाज के प्रत्येक व्यक्ति और संस्था की सक्रिय भागीदारी आवश्यक है।
राष्ट्रपति ने कहा कि हम वर्ष 2047 तक ‘विकसित भारत’ के सामूहिक लक्ष्य के साथ आगे बढ़ रहे हैं। इस यात्रा में हमारे दिव्यांगजन भी बराबर के भागीदार हैं। उन्हें समान अवसर और सम्मान के साथ आगे बढ़ने का अवसर प्रदान करना समाज के प्रत्येक सदस्य की जिम्मेदारी है।
राष्ट्रपति ने कहा कि दिव्यांगजन आत्मविश्वास के साथ जीवन में आगे बढ़ें। उन्हें सरकार और समाज का पूरा सहयोग मिलेगा। उन्होंने कहा कि उनकी लगन, मेहनत और परिश्रम न केवल उनके लिए प्रगति का मार्ग प्रशस्त करेंगें, बल्कि सभी देशवासियों को प्रेरणा भी प्रदान करेंगे।
भारत सरकार के सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय द्वारा आयोजित 'पर्पल फेस्ट' का उद्देश्य विभिन्न प्रकार की निःशक्तताओं और उनसे लोगों के जीवन पर पड़ने वाले प्रभाव के बारे में सबको और अधिक जागरूक करना और समाज में दिव्यांगजनों के प्रति समझ, स्वीकृति, और समावेशन को बढ़ावा देना है।
